मादुरो की गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला में सत्ता का सवाल: अमेरिका भी असमंजस में

वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के बाद सत्ता किसके हाथ जाएगी, इस पर स्थिति साफ नहीं है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने माना कि जमीनी हकीकत और सुरक्षा बलों की भूमिका आने वाले बदलाव में निर्णायक होगी।

News Tv India हिंदी
News Tv India हिंदी Official | Verified Expert • 27 Mar, 2026 Editor
Jan 5, 2026 • 10:12 AM
N
News TV India
BREAKING
News Tv India हिंदी
3 months ago
मादुरो की गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला में सत्ता का सवाल: अमेरिका भी असमंजस में
वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के बाद सत्ता किसके हाथ जाएगी, इस पर स्थिति साफ नहीं है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने माना कि जमीनी हकीकत और सुरक्षा बलों की भूमिका आने वाले बदलाव में निर्णायक होगी।
Full Story: https://newstvindia.in/international/question-of-power-in-venezuela-after-maduro-s-arrest-us-also-confused
https://newstvindia.in/international/question-of-power-in-venezuela-after-maduro-s-arrest-us-also-confused
Copied
मादुरो की गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला में सत्ता का सवाल: अमेरिका भी असमंजस में
मादुरो की गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला में सत्ता का सवाल: अमेरिका भी असमंजस में

वाशिंगटन : वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के बाद देश की सबसे ताकतवर राजनीतिक पहचान तो सामने से हट गई है, लेकिन अब असली सवाल यह है कि आगे देश कौन चलाएगा और सत्ता का बदलाव किस तरह होगा। खुद अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि इस पर अभी काफी अनिश्चितता है।

अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने साफ कहा कि अमेरिका मादुरो या उनके उत्तराधिकारियों को वैध नहीं मानता। फिर भी, जमीनी हालात को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

एनबीसी के 'मीट द प्रेस' पर एक इंटरव्यू में रुबियो ने कहा, "हमें उन लोगों से निपटना होगा जिनके पास बंदूकें हैं।" उनका इशारा वेनेजुएला की सुरक्षा एजेंसियों और सरकारी ढांचे की ओर था, जो अभी भी सक्रिय हैं।

bolt यह भी पढ़ें

flash_on
US-Iran War Update: ट्रंप ने 6 अप्रैल तक रोके हमले; क्या कूटनीति से थमेगा खाड़ी का महायुद्ध?
NEW
flash_on
US-Iran War LIVE Updates: शांति प्रस्तावों पर रार; ईरान ने ठुकराई अमेरिकी शर्तें, मुआवजे और होर्मुज पर नियंत्रण की रखी मांग
flash_on
Bangladesh Election 2026: जमात-ए-इस्लामी ने चुनाव परिणामों को दी कानूनी चुनौती; 32 सीटों पर पुनर्मतगणना की मांग
flash_on
US-Iran War Update: बैक-चैनल कूटनीति में भारत की बड़ी भूमिका, ओमान और तुर्की के साथ मिलकर ट्रंप के '5-दिवसीय संघर्ष विराम' की बनाई राह
flash_on
कोलंबिया में सेना का हर्क्यूलीस C-130 विमान क्रैश: 66 सैनिकों की मौत, अमेजन के घने जंगलों में मची चीख-पुकार
flash_on
ईरान-अमेरिका संकट: ट्रंप का दावा- 'ईरान ने खुद किया समझौता के लिए संपर्क', तेहरान का बातचीत से साफ इनकार
flash_on
चीन की ओर बढ़ा रूसी तेल का टैंकर मुड़ा भारत की तरफ: 'एक्वा टाइटन' की न्यू मंगलौर पोर्ट पर एंट्री, ऊर्जा संकट में बड़ी राहत

रुबियो ने एबीसी न्यूज और सीबीएस न्यूज़ के साथ इंटरव्यू में पुष्टि की कि उन्होंने उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज से बात की थी, जिन्होंने मादुरो की गिरफ्तारी के बाद नेतृत्व की भूमिका संभाली है। उन्होंने यह नहीं बताया कि बातचीत में क्या सहमति बनी। उनका कहना था कि असली महत्व इस बात का है कि आगे वे क्या कदम उठाते हैं।

क्या आप WhatsApp पर न्यूज़ अपडेट पाना चाहते हैं?

WhatsApp पर ताज़ा और भरोसेमंद न्यूज़ अपडेट तुरंत पाएं। अभी जुड़ें और हर खबर सबसे पहले पढ़ें।

Follow News Tv India on WhatsApp

रुबियो ने दोहराया कि किसी से बातचीत करने का मतलब यह नहीं है कि अमेरिका उसे वैध नेता मान रहा है। रविवार को वैधता का मुद्दा चर्चा का केंद्र रहा। विशेषज्ञों ने बताया कि डेल्सी रोड्रिग्ज पर पहले से ही अमेरिका और यूरोपीय संघ के प्रतिबंध हैं और वह मादुरो सरकार का अहम चेहरा रही हैं।

सीएनएन पर न्यूयॉर्क टाइम्स के पत्रकार डेविड सेंगर ने कहा कि मौजूदा अमेरिकी सरकार लोकतांत्रिक प्रतीकों से ज़्यादा व्यवहारिक रास्ता अपना रही है और फिलहाल उनसे काम ले रही है, जो तुरंत सहयोग कर सकें।

इस बीच, कुछ विशेषज्ञों ने विपक्षी नेताओं मारिया कोरीना मचाडो और एडमोंडो गोंजालेज का भी जिक्र किया, जिन्होंने 2024 के विवादित चुनाव में जीत का दावा किया था। फिलहाल वे सत्ता परिवर्तन की प्रक्रिया से बाहर हैं।

रुबियो ने विपक्ष के प्रति सम्मान जताया, लेकिन कहा कि इतने सालों के तानाशाही शासन के बाद तुरंत चुनाव कराना व्यावहारिक नहीं है। उन्होंने एबीसी न्यूज़ से कहा, "हर कोई कल चुनाव चाहता है। यह बेतुका है। इन चीज़ों में समय लगता है और एक प्रक्रिया होती है।"

सैन्य जानकारों ने चेतावनी दी कि वेनेज़ुएला वेनेजुएला के सशस्त्र बल शक्तिशाली और एकजुट बने हुए हैं। पूर्व अमेरिकी दक्षिणी कमान प्रमुख एडमिरल जेम्स स्टावरिडिस ने सीएनएन पर कहा कि अमेरिका के सामने मुश्किल विकल्प हैं या तो मौजूदा ढांचे के साथ काम किया जाए, या फिर अराजकता का खतरा उठाया जाए।

रुबियो ने बताया कि अमेरिका तेल से जुड़े प्रतिबंधों और समुद्री निगरानी के ज़रिए दबाव बनाए रखेगा और देखेगा कि अंतरिम नेतृत्व कैसे व्यवहार करता है।

फिलहाल निकोलस मादुरो अमेरिका की हिरासत में हैं और उन पर मुकदमा चल रहा है। लेकिन जैसा कि अधिकारियों और विशेषज्ञों ने माना, एक नेता की गिरफ्तारी से शासन से जुड़ा मूल सवाल हल नहीं हुआ है। आगे क्या होगा, यही सबसे बड़ी और कठिन चुनौती है।

News Tv India हिंदी Official | Verified Expert • 27 Mar, 2026 Editor

News Tv India डेस्क प्रतिष्ठित पत्रकारों की पहचान है। इससे कई पत्रकार देश-दुनिया, खेल और मनोरंजन जगत की खबरें साझा करते हैं।

हमें फॉलो करें

Cricket Score Board

amp_stories Web Stories
local_fire_department Trending menu Menu
Logo

Never miss what matters

Enable notifications to get exclusive updates and top news stories.

⚙️ Manage Notifications

You are currently receiving our latest breaking news and updates.

Manage Notifications