'2100 का वादा कर दे रहे सिर्फ 1100', लाडो लक्ष्मी योजना पर अनुराग ढांडा का बड़ा हमला; बताया महिलाओं के साथ छल

आम आदमी पार्टी के नेता अनुराग ढांडा ने हरियाणा की भाजपा सरकार पर 'लाडो लक्ष्मी योजना' के जरिए महिलाओं से धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। ढांडा ने कहा कि चुनाव में 2100 रुपये का वादा किया गया था, लेकिन अब शर्तें थोपकर केवल 1100 रुपये दिए जा रहे हैं। जानें क्यों 96% महिलाएं इस योजना से बाहर हो गईं।

News Tv India हिंदी
News Tv India हिंदी Official | Verified Expert • 27 Mar, 2026 Editor
Jan 5, 2026 • 5:48 PM
N
News TV India
BREAKING
News Tv India हिंदी
News Tv India हिंदी
3 months ago
'2100 का वादा कर दे रहे सिर्फ 1100', लाडो लक्ष्मी योजना पर अनुराग ढांडा का बड़ा हमला; बताया महिलाओं के साथ छल
ो लक्ष्मी योजना पर अनुराग ढांडा का बड़ा हमला; बताया महिलाओं के साथ छल
आम आदमी पार्टी के नेता अनुराग ढांडा ने हरियाणा की भाजपा सरकार पर 'लाडो लक्ष्मी योजना' के जरिए महिलाओं से धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। ढांडा ने कहा कि चुनाव में 2100 रुपये का वादा किया गया था, लेकिन अब शर्तें थोपकर केवल 1100 रुपये दिए जा रहे हैं। जानें क्यों 96% महिलाएं इस योजना से बाहर हो गईं।
Full Story: https://newstvindia.in/only-1100-promising-2100-anurag-dhanda-s-big-attack-on-lado-laxmi-yojana-told-women-cheating
https://newstvindia.in/only-1100-promising-2100-anurag-dhanda-s-big-attack-on-lado-laxmi-yojana-told-women-cheating
Copied
'2100 का वादा कर दे रहे सिर्फ 1100', लाडो लक्ष्मी योजना पर अनुराग ढांडा का बड़ा हमला; बताया महिलाओं के साथ छल
'2100 का वादा कर दे रहे सिर्फ 1100', लाडो लक्ष्मी योजना पर अनुराग ढांडा का बड़ा हमला; बताया महिलाओं के साथ छल
Advertisement
Advertisement

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने शनिवार को लाडो लक्ष्मी योजना पर झूठ फैलाने को लेकर बीजेपी सरकार पर तीखा हमला बोला। इस दौरान उन्होंने कहा कि सरकार ने ‘लाडो लक्ष्मी योजना’ के नाम पर महिलाओं के साथ जो किया है, वह सशक्तिकरण नहीं बल्कि खुला छल है। अब सरकार यह कह रही है कि महिलाओं को 2100 रुपये नहीं, बल्कि पहले केवल 1100 रुपये ही दिए जाएंगे और शेष 1000 रुपये कभी बाद में, किसी शर्त के साथ जमा होंगे। यह साफ दिख रहा है कि भाजपा ने चुनाव से पहले महिलाओं से खुला झूठ बोला और अब उस झूठ को ढकने के लिए नियम बदल रही है।

उन्होंने कहा कि 2024 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा ने बिना किसी शर्त के हरियाणा की हर महिला को 2100 रुपये मासिक सहायता देने का वादा किया था। न आय की सीमा बताई गई, न उम्र की, न बच्चों, पढ़ाई या कुपोषण की कोई शर्त थी। लेकिन आज स्थिति यह है कि योजना को जानबूझकर इतना जटिल बना दिया गया है कि ज्यादातर महिलाएं अपने-आप लाभार्थी सूची से बाहर हो जाएं। आय सीमा, बच्चों की शिक्षा, पोषण, उम्र और निवास जैसी शर्तें थोपकर सरकार ने यह सुनिश्चित कर दिया कि महिलाओं को तत्काल आर्थिक मदद न मिले और योजना सिर्फ कागजों और मंचों तक सिमट कर रह जाए। उन्होंने कहा कि बच्चों के 80 प्रतिशत अंक जैसी शर्तें गरीब और मध्यम वर्ग की महिलाओं के लिए व्यावहारिक नहीं हैं। यह केवल प्रशासनिक नाकामी नहीं, बल्कि सोची-समझी राजनीतिक धोखाधड़ी है। हरियाणा में 18 से 60 वर्ष की उम्र की लगभग 1 करोड़ से ज्यादा महिलाएं हैं, जिन्हें चुनावी वादे के मुताबिक 2100 रुपये मिलने थे। लेकिन पहली किस्त में सिर्फ 5 लाख महिलाओं को ही पैसे मिले, जो कुल पात्र महिलाओं का महज करीब 4 प्रतिशत है। यानी 96 प्रतिशत महिलाओं को सरकार ने बाहर कर दिया। पिछले साल के बजट में 5000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया था, जो करीब 20 लाख महिलाओं के लिए पर्याप्त था, लेकिन लाभार्थियों की संख्या इससे भी कम रखी गई। अब 2100 रुपये की जगह 1100 रुपये देने की बात कर भाजपा अपने ही वादे से पीछे हट रही है।

उन्होंने कहा कि परिवार की सालाना आय एक लाख रुपये तय कर दी गई, जबकि बीपीएल की आधिकारिक सीमा 1.8 लाख रुपये है। इसका सीधा मतलब यह है कि सरकार ने गरीब की परिभाषा ही बदल दी। मनरेगा में काम करने वाले, दिहाड़ी मजदूरी करने वाले परिवार अगर मेहनत से थोड़ा ज्यादा कमा लेते हैं, तो क्या उनकी महिलाएं गरीब नहीं रहीं? 1 लाख रुपये सालाना यानी रोज़ करीब 275 रुपये में पूरा परिवार गुजारा करे। भाजपा सरकार को बताना चाहिए कि यह कौन सा न्याय और कौन सी संवेदना है। इतना ही नहीं, 23 साल से कम उम्र की युवतियों को बाहर कर दिया गया, जबकि वोट देने की उम्र 18 साल है। देश के ही दूसरे राज्यों से शादी कर आई महिलाओं पर 15 साल के निवास की शर्त थोप दी गई। विधवाओं, दिव्यांग महिलाओं और एसिड अटैक पीड़ितों को यह कहकर बाहर कर दिया गया कि वे पहले से किसी अन्य योजना का लाभ ले रही हैं। एक ही परिवार में यदि एक महिला को पेंशन मिलती है तो बाकी सभी बहनों को अयोग्य घोषित कर दिया गया। यह महिलाओं का सशक्तिकरण नहीं, बल्कि उनका अपमान है।

Advertisement
Advertisement

bolt यह भी पढ़ें

flash_on
महाराष्ट्र में अवैध अप्रवासियों और ड्रग्स के खिलाफ एआई उपकरणों का इस्तेमाल: सीएम फडणवीस
NEW
flash_on
महाराष्ट्र सरकार ने मुंबई को स्लम-फ्री बनाने का अभियान और एनईटीआरएम प्रणाली शुरू की
flash_on
‘आप’ सरकार के दौरान शिक्षा क्षेत्र में पंजाब के स्कूलों ने बाजी मारी, राष्ट्रीय सर्वेक्षण में केरल को पछाड़कर अग्रणी बना पंजाब- मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
flash_on
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान द्वारा विकास परियोजनाओं की सौगात, सनौर में 87 करोड़ की लागत से सड़कों के नवीनीकरण की शुरुआत
flash_on
पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: दो चरणों के लिए अधिसूचना जारी; 23 और 29 अप्रैल को मतदान, राज्य में रहेगा सार्वजनिक अवकाश
flash_on
दहल उठा झारखंड: मंगला शोभायात्रा देखने गई मासूम के साथ 'निर्भया' जैसी दरिंदगी, आक्रोश में हजारीबाग
flash_on
नितिन नवीन का इस्तीफा: बांकीपुर की जनता के नाम भावुक पोस्ट; राज्यसभा में शुरू करेंगे नई पारी

उन्होंने कहा कि चुनाव अक्टूबर 2024 में हुए थे और वादा तुरंत लागू करने का था, लेकिन योजना को मंजूरी अगस्त 2025 में मिली, लॉन्च सितंबर 2025 में हुआ और पहली किस्त नवंबर 2025 में दी गई। पूरे एक साल की देरी यह साबित करती है कि यह योजना मजबूरी में लाई गई, न कि नीयत से। ऊपर से प्रचार पर करोड़ों रुपये खर्च किए गए, जबकि जमीनी स्तर पर महिलाएं ऐप, दस्तावेज़ों और डर के माहौल में फंसी रहीं। कई जगह अफवाह फैलाई गई कि आवेदन करने से बीपीएल कार्ड या अन्य सरकारी लाभ कट जाएंगे, जिससे हजारों महिलाओं ने आवेदन ही नहीं किया।

क्या आप WhatsApp पर न्यूज़ अपडेट पाना चाहते हैं?

WhatsApp पर ताज़ा और भरोसेमंद न्यूज़ अपडेट तुरंत पाएं। अभी जुड़ें और हर खबर सबसे पहले पढ़ें।

Follow News Tv India on WhatsApp

अनुराग ढांडा ने मुख्यमंत्री नायब सिंह से सीधा सवाल पूछते हुए कहा कि आपकी सरकार ‘लाडो’ शब्द का इस्तेमाल कर भावनाओं से खिलवाड़ कर रही है, लेकिन असल में यह ‘लुटो लक्ष्मी योजना’ बन चुकी है। वादे कुछ और थे, हकीकत कुछ और है। 2100 का वादा कर 1100 देना, और वह भी शर्तों के साथ, महिलाओं के सम्मान पर सीधा हमला है।

अनुराग ढांडा ने कहा कि आम आदमी पार्टी साफ तौर पर कहती है कि या तो भाजपा अपने चुनावी वादे पर ईमानदारी से अमल करे और हर महिला को बिना किसी शर्त 2100 रुपये मासिक सहायता दे, या फिर यह स्वीकार करे कि उसने हरियाणा की महिलाओं को केवल वोट के लिए इस्तेमाल किया। हरियाणा की बहनें अब सब समझ चुकी हैं और इस राजनीतिक धोखे का जवाब समय आने पर जरूर देंगी।

Advertisement
Advertisement

News Tv India हिंदी Official | Verified Expert • 27 Mar, 2026 Editor

News Tv India डेस्क प्रतिष्ठित पत्रकारों की पहचान है। इससे कई पत्रकार देश-दुनिया, खेल और मनोरंजन जगत की खबरें साझा करते हैं।

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

LIVE TV

हमें फॉलो करें

Advertisement
Advertisement
Logo

Never miss what matters

Enable notifications to get exclusive updates and top news stories.

⚙️ Manage Notifications

You are currently receiving our latest breaking news and updates.

Manage Notifications